जयपुर, 14 जून। भारतीय सेना की सप्त शक्ति कमान ने वीर नारियों के सम्मान, पूर्व सैनिकों के कल्याण और सेना के बच्चों की शिक्षा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से जयपुर सैन्य स्टेशन में एक विशेष सम्मान समारोह का आयोजन किया। कार्यक्रम में वीर नारियां, पूर्व सैनिक, सेवारत सैनिक और उनके परिवार बड़ी संख्या में शामिल हुए।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य राष्ट्र की सेवा में अपना सर्वस्व समर्पित करने वाले सैनिक परिवारों के योगदान का सम्मान करना तथा उनके सामाजिक और शैक्षिक सशक्तिकरण के लिए चलाए जा रहे प्रयासों को आगे बढ़ाना रहा।
शिक्षा और सशक्तिकरण को मिला नया आयाम
समारोह में प्रख्यात शिक्षाविद एवं समाजसेवी देवयानी जयपुरिया तथा चंपा देवी जयपुरिया चैरिटेबल ट्रस्ट के प्रतिनिधियों की विशेष उपस्थिति रही। कार्यक्रम के दौरान रीजनल प्रेसिडेंट सप्त शक्ति आर्मी वाइव्स वेलफेयर एसोसिएशन श्रीमती बरिंदर जीत कौर ने सेना के बच्चों और दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए कई महत्वपूर्ण शैक्षणिक संसाधन समर्पित किए।
इनमें आशा स्कूल के बच्चों के लिए आधुनिक लर्निंग-प्ले एरिया, आर्मी पब्लिक स्कूल के विद्यार्थियों के लिए अत्याधुनिक STEAM लैब और मेधावी छात्रों के लिए टैबलेट वितरण शामिल रहा। इन पहलों का उद्देश्य विद्यार्थियों में नवाचार, तकनीकी दक्षता, डिजिटल साक्षरता और रचनात्मक सोच को बढ़ावा देना है।
भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार होंगे छात्र
सप्त शक्ति कमान के आर्मी कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल मंजिंदर सिंह ने इस अवसर पर कहा कि शिक्षा किसी भी समाज की सबसे बड़ी ताकत होती है। उन्होंने चंपा देवी जयपुरिया चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा दिए गए सहयोग के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आधुनिक STEAM लैब और डिजिटल संसाधन विद्यार्थियों को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
उन्होंने कहा कि सेना केवल सीमाओं की सुरक्षा तक सीमित नहीं है, बल्कि सैनिक परिवारों के कल्याण और उनके बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए भी निरंतर कार्य कर रही है।
वीर नारियों के सम्मान का संदेश
कार्यक्रम में वीर नारियों को विशेष सम्मान प्रदान किया गया। सेना अधिकारियों ने कहा कि वीर नारियां राष्ट्र निर्माण की ऐसी प्रेरणादायी शक्ति हैं जिनका त्याग और समर्पण देश सदैव याद रखेगा। सैनिक परिवारों का सहयोग और बलिदान ही भारतीय सशस्त्र बलों की वास्तविक शक्ति है।
समारोह के अंत में वीर नारियों का सम्मान किया गया तथा शिक्षा, समाज कल्याण और राष्ट्र निर्माण में उल्लेखनीय योगदान के लिए देवयानी जयपुरिया एवं चंपा देवी जयपुरिया चैरिटेबल ट्रस्ट का आभार व्यक्त किया गया।
समाज के लिए प्रेरणादायक पहल
यह आयोजन इस बात का उदाहरण है कि जब सेना और समाज मिलकर शिक्षा एवं सामाजिक विकास के लिए कार्य करते हैं तो नई पीढ़ी के लिए बेहतर अवसरों का निर्माण होता है। सैनिक परिवारों के बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और आधुनिक संसाधन उपलब्ध कराना राष्ट्र के भविष्य को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
