- Advertisement -

RIICO का बड़ा फैसला: अब 20,000 वर्गमीटर से बड़े प्लॉट भी होंगे Sub-Divide, निवेशकों को मिलेगा बड़ा मौका

- Advertisement -
- Advertisement -

जयपुर, 17 अप्रैल 2026। रीको (RIICO) ने राज्य में औद्योगिक विकास को बढ़ावा देने के लिए बड़ा निर्णय लेते हुए बड़े औद्योगिक भूखंडों के उप-विभाजन (Sub-Division) को सशर्त मंजूरी दे दी है। इस फैसले से अब उद्यमी अपने बड़े भूखंडों को छोटे हिस्सों में बांटकर बेच सकेंगे, जिससे निवेश और उद्योग स्थापित करने के अवसर बढ़ेंगे।

रीको ने डिस्पोजल ऑफ लैंड रूल्स, 1979 के नियम 17 (ई) को पुनः लागू करते हुए यह व्यवस्था की है कि 20,000 वर्गमीटर या उससे अधिक क्षेत्रफल वाले भूखंडों का उप-विभाजन किया जा सकेगा। हालांकि, उप-विभाजन के बाद प्रत्येक प्लॉट का न्यूनतम आकार 500 वर्गमीटर निर्धारित किया गया है।

नए नियमों के अनुसार, भूखंड का उप-विभाजन आवंटन के कम से कम 7 वर्ष बाद ही किया जा सकेगा और भूमि किसी भी प्रकार के विवाद से मुक्त होनी चाहिए। आवेदन प्रक्रिया के तहत आवेदक को प्रस्तावित लेआउट प्लान रीको में जमा कराना होगा, जिसे लैंड प्लान कमेटी से मंजूरी लेना अनिवार्य होगा। यदि भूखंड पर किसी बैंक या वित्तीय संस्था का ऋण है, तो उसकी एनओसी भी जरूरी होगी।

रीको ने यह भी स्पष्ट किया है कि उप-विभाजन के बाद बनने वाले क्षेत्रों में सड़क, ड्रेनेज, बिजली, स्ट्रीट लाइट, जल आपूर्ति और वर्षा जल संचयन जैसी मूलभूत सुविधाएं आवंटी को अपने खर्च पर विकसित करनी होंगी। इन सभी कार्यों को अधिकतम तीन वर्षों के भीतर पूरा करना अनिवार्य रहेगा।

सड़क निर्माण को लेकर भी नियम तय किए गए हैं। 1500 वर्गमीटर तक के प्लॉट के लिए कम से कम 18 मीटर चौड़ी सड़क और इससे बड़े प्लॉट के लिए 24 मीटर चौड़ी आंतरिक सड़क बनाना अनिवार्य होगा।

वित्तीय प्रावधानों के तहत उप-विभाजन शुल्क संबंधित औद्योगिक क्षेत्र की प्रचलित दर का 2 प्रतिशत तय किया गया है। इसके अलावा ट्रांसफर चार्ज और गतिविधि परिवर्तन शुल्क भी नियमों के अनुसार लागू होंगे। उप-विभाजित भूखंड की लीज अवधि मूल लीज अवधि से अधिक नहीं होगी और नए खरीदार को रजिस्ट्री के दो वर्षों के भीतर प्लॉट का उपयोग शुरू करना होगा।

गौरतलब है कि उद्योग जगत लंबे समय से बड़े भूखंडों के उप-विभाजन की मांग कर रहा था। ऐसे में यह निर्णय न केवल भूमि के बेहतर उपयोग को सुनिश्चित करेगा, बल्कि राज्य में औद्योगिक निवेश, रोजगार और आर्थिक गतिविधियों को भी नई गति देगा।

- Advertisement -
NCR Sandesh
NCR Sandeshhttps://ncrsandesh.in/
एनसीआर संदेश न सिर्फ मुख्यधारा की खबरों को कवर करता है, बल्कि उन आवाज़ों को भी मंच देता है जो अक्सर अनसुनी रह जाती हैं। हमारी खबरों की ख़ासियत है – तेज़ अपडेट्स, निष्पक्ष दृष्टिकोण और गहराई से विश्लेषण।

Latest news

- Advertisement -

संबंधित खबरें

- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here